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बुलडोज़र कार्रवाई के विरोध में कोलकाता में हिंसक प्रदर्शन, तीन पुलिसकर्मी घायल; कई गिरफ्तार

बुलडोज़र कार्रवाई के विरोध में कोलकाता के पार्क सर्कस इलाके में हिंसक प्रदर्शन हुआ। पुलिस पर पथराव में तीन पुलिसकर्मी घायल हुए और कई वाहन क्षतिग्रस्त हो गए। घटना के बाद कई लोगों को गिरफ्तार किया गया और इलाके में भारी सुरक्षा बल तैनात किया गया।

Qalam Times News Network
कोलकाता |18 मई 2026
बुलडोज़र कार्रवाई को लेकर कोलकाता में तनाव और बढ़ गया है। तोपसिया-तिलजला इलाके में अवैध निर्माण हटाने की सरकारी कार्रवाई के विरोध में रविवार को पार्क सर्कस इलाके में प्रदर्शन हिंसक हो गया। प्रदर्शनकारियों और पुलिस के बीच झड़प के दौरान पथराव हुआ, जिसमें कम से कम तीन पुलिसकर्मी घायल हो गए। कई सरकारी और निजी वाहनों को भी नुकसान पहुंचा है।
घटना के बाद पूरे इलाके में भारी पुलिस बल और केंद्रीय सुरक्षा बलों की तैनाती कर दी गई। प्रशासन ने हालात को नियंत्रित करने के लिए तिलजला, पार्क सर्कस और आसपास के संवेदनशील इलाकों में लगातार गश्त शुरू कर दी है।

पार्क सर्कस में अचानक बिगड़े हालात

अधिकारियों के मुताबिक, बड़ी संख्या में लोग पार्क सर्कस सेवन प्वाइंट क्रॉसिंग के पास जमा हुए थे। प्रदर्शनकारी हाल ही में तोपसिया इलाके में चलाए गए अतिक्रमण हटाओ अभियान और बुलडोज़र कार्रवाई के खिलाफ नारेबाजी कर रहे थे।
स्थिति तब बिगड़ गई जब प्रदर्शनकारियों ने सड़क जाम करने की कोशिश की और पुलिस ने उन्हें हटाने का प्रयास किया। इसी दौरान भीड़ के एक हिस्से ने पुलिस पर पथराव शुरू कर दिया। देखते ही देखते पूरे इलाके में अफरा-तफरी का माहौल बन गया।
पथराव में कई पुलिस वाहन और सड़क किनारे खड़ी गाड़ियां क्षतिग्रस्त हो गईं। केंद्रीय बलों को ले जा रहे कुछ वाहनों को भी निशाना बनाया गया।

फैक्ट्री हादसे के बाद शुरू हुई थी कार्रवाई

गौरतलब है कि पिछले सप्ताह तोपसिया इलाके में एक चमड़ा फैक्ट्री में भीषण आग लगने से दो लोगों की मौत हो गई थी। इसके बाद पश्चिम बंगाल सरकार ने इलाके में कथित अवैध निर्माणों और अतिक्रमणों के खिलाफ सख्त अभियान शुरू किया था।
सरकार ने कई निर्माणों को अवैध बताते हुए बुलडोज़र चलाया, जिसके बाद से इलाके में तनाव बना हुआ है। स्थानीय लोगों और कुछ राजनीतिक संगठनों ने आरोप लगाया है कि कार्रवाई बिना पर्याप्त कानूनी प्रक्रिया और नोटिस के की गई।
हिंसक प्रदर्शन के बाद पुलिस और केंद्रीय बलों ने पूरे इलाके को घेर लिया। अधिकारियों का कहना है कि किसी भी स्थिति को बिगड़ने से रोकने के लिए संवेदनशील इलाकों में लगातार निगरानी की जा रही है।
पुलिस ने रातभर कई इलाकों में फ्लैग मार्च और गश्त भी की। प्रशासन का दावा है कि स्थिति अब नियंत्रण में है, हालांकि इलाके में तनावपूर्ण शांति बनी हुई है।

हिंसा में शामिल लोगों पर कार्रवाई शुरू

कोलकाता पुलिस के अतिरिक्त आयुक्त आशीष बिस्वास ने कहा कि हिंसा और पथराव में शामिल लोगों की पहचान की जा रही है और उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई शुरू कर दी गई है।
उन्होंने बताया कि घटना के सिलसिले में कई लोगों को हिरासत में लिया गया है और कुछ गिरफ्तारियां भी की गई हैं। हालांकि अधिकारियों ने गिरफ्तार लोगों की सटीक संख्या सार्वजनिक नहीं की।

राजनीतिक माहौल हुआ गर्म

इस घटना के बाद राज्य की राजनीति भी गरमा गई है। विपक्षी दलों ने सरकार की बुलडोज़र नीति पर सवाल उठाए हैं, जबकि सरकार का कहना है कि अवैध निर्माण और अतिक्रमण के खिलाफ कानून के तहत कार्रवाई जारी रहेगी।
राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि तोपसिया और तिलजला जैसे संवेदनशील इलाकों में बुलडोज़र कार्रवाई अब प्रशासनिक मुद्दे से आगे बढ़कर बड़ा राजनीतिक और सामाजिक विवाद बन चुकी है।

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