एकता के संदेश के साथ आंबेडकर जयंती पर देशभर के नेताओं का रिशड़ा में जुटान, जहाँ संविधान, समानता और सामाजिक न्याय पर विशेष जोर दिया गया।
रिशड़ा (हुगली) में आंबेडकर भवन और प्रतिमा स्थल पर भव्य आयोजन, एकता , सामाजिक न्याय और संविधानिक मूल्यों पर जोर
क़लम टाइम्स न्यूज़ नेटवर्क
रिशड़ा (हुगली), 14 अप्रैल 2026

एकता के संदेश के साथ 14 अप्रैल 2026 को डॉ. भीमराव आंबेडकर की 135वीं जयंती पर पश्चिम बंगाल के हुगली जिले के रिशड़ा में एक भव्य कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस अवसर पर आंबेडकरवादी नेताओं और सामाजिक कार्यकर्ताओं ने एक साथ एकत्रित होकर बाबा साहेब को श्रद्धांजलि अर्पित की और उनके विचारों को आगे बढ़ाने का संकल्प लिया।
यह आयोजन आंबेडकर भवन, आर.के. रोड एवं संध्या बाजार के साथ-साथ आंबेडकर प्रतिमा स्थल पर संपन्न हुआ, जहाँ बड़ी संख्या में लोगों की उपस्थिति देखने को मिली। कार्यक्रम में प्रमुख रूप से सामाजिक नेता ब्रह्मदेव रविदास सहित कई गणमान्य व्यक्तियों की उपस्थिति रही। वक्ताओं ने संविधान के मूल सिद्धांतों—न्याय, स्वतंत्रता और समानता—पर विस्तार से प्रकाश डाला और कहा कि एकता के बिना सामाजिक परिवर्तन संभव नहीं है।
कार्यक्रम में शामिल नेताओं ने अपने संबोधन में कहा कि आज के समय में आंबेडकर के विचार पहले से अधिक प्रासंगिक हो गए हैं। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि समाज में व्याप्त असमानता और भेदभाव को समाप्त करने के लिए सामूहिक प्रयास जरूरी है। ब्रह्मदेव रविदास ने भी अपने संबोधन में कहा कि “जब तक समाज में समान अवसर और सम्मान सुनिश्चित नहीं होगा, तब तक सच्ची आज़ादी अधूरी रहेगी।”
युवाओं की भागीदारी बनी आकर्षण का केंद्र
इस आयोजन में युवाओं की सक्रिय भागीदारी विशेष रूप से देखने को मिली। बड़ी संख्या में युवा कार्यक्रम में शामिल हुए और उन्होंने सामाजिक न्याय तथा समानता के प्रति अपनी प्रतिबद्धता व्यक्त की। आयोजकों ने युवाओं से अपील की कि वे शिक्षा और जागरूकता के माध्यम से समाज में सकारात्मक बदलाव लाने का प्रयास करें।
कार्यक्रम के अंत में सभी उपस्थित लोगों ने यह संकल्प लिया कि वे आंबेडकर के बताए मार्ग पर चलेंगे और समाज में भाईचारे, समानता और न्याय को बढ़ावा देंगे। यह आयोजन न केवल एक श्रद्धांजलि था, बल्कि एक नई सोच और दिशा की शुरुआत भी साबित हुआ।






