English
English

अभिषेक पर हमला: लोकतंत्र...

अभिषेक पर हमला केवल एक राजनीतिक घटना नहीं, बल्कि लोकतांत्रिक मूल्यों, राजनीतिक सहिष्णुता...

SIR पर सुप्रीम कोर्ट...

सुप्रीम कोर्ट ने SIR प्रक्रिया को वैध ठहराते हुए चुनाव आयोग को नागरिकता...

शुभेंदु अधीकारी के नाम...

शुभेंदु अधीकारी के समर्थन में डायमंड हार्बर समेत कई नगरपालिकाओं के तृणमूल पार्षदों...

कुल्लियात-ए-मौलाना आज़ाद का ऐतिहासिक...

कुल्लियात-ए-मौलाना आज़ाद के पहले दो खंडों का कोलकाता में भव्य विमोचन। अल-हुदा रिसर्च...
Your Ad Here (300x250)
Homeलोकल न्यूज़गौ माता को राष्ट्र माता घोषित कराने के लिए शंकराचार्य का बड़ा...

गौ माता को राष्ट्र माता घोषित कराने के लिए शंकराचार्य का बड़ा ऐलान, बिहार की सभी सीटों पर उतरेंगे प्रत्याशी

शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती का ऐलान—बिहार की सभी 243 सीटों पर गौ भक्त प्रत्याशी उतरेंगे। गौ माता को राष्ट्र माता घोषित कराने के लिए चलाया जाएगा जनजागरण अभियान।

 

By Qalam Times News Network
पटना | 03 अक्टूबर 2025

जगद्गुरु शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती ने बिहार विधानसभा चुनाव को लेकर सनातन राजनीति का बिगुल फूंक दिया है। उन्होंने ऐलान किया कि राज्य की सभी 243 सीटों पर गौ माता के भक्त निर्दलीय प्रत्याशी चुनाव लड़ेंगे। इस घोषणा के साथ ही ‘गौ मतदाता संकल्प यात्रा’ निकाली गई, जिसमें भारी संख्या में श्रद्धालु और समर्थक शामिल हुए।

गौ माता राष्ट्र माता का अभियान

प्रेस वार्ता में शंकराचार्य ने कहा कि सनातन धर्म और भारतीय संस्कृति की रक्षा तभी संभव है जब गौ माता की सुरक्षा और संरक्षण को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जाए। उन्होंने कहा कि यह सिर्फ आस्था का नहीं बल्कि राष्ट्र की आत्मा से जुड़ा मुद्दा है।
उनका स्पष्ट संदेश था—जनता केवल उसी प्रत्याशी को समर्थन दे जो गौ माता की रक्षा के लिए प्रतिबद्ध हो।

राजनीतिक दलों से संवाद और निर्णय

शंकराचार्य ने बताया कि वे पहले ही राष्ट्रीय दलों से मिलकर आग्रह कर चुके हैं कि गौ माता को राष्ट्र माता घोषित करने का प्रस्ताव लोकसभा में लाया जाए। लेकिन किसी भी दल ने ठोस रुख नहीं अपनाया। इसी कारण उन्होंने बिहार की सभी सीटों पर स्वतंत्र उम्मीदवार उतारने का निर्णय लिया है। नामांकन प्रक्रिया पूरी होने के बाद प्रत्याशियों की सूची सार्वजनिक की जाएगी।

सभा स्थल पर वातावरण पूरी तरह आध्यात्मिक और सांस्कृतिक रंग में रंगा दिखा। बड़ी संख्या में जुटे भक्तों ने शंकराचार्य के संदेश को श्रद्धा और उत्साह से स्वीकार किया। शंकराचार्य ने विश्वास जताया कि बिहार की जनता इस आंदोलन को व्यापक समर्थन देगी और सनातन धर्म की रक्षा के लिए मतदान करेगी।

 

 

 

RELATED ARTICLES

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

- Advertisment -
Your Ad Here (300x250)

Most Popular

Recent Comments