ट्रंप पोस्ट ने अंतरराष्ट्रीय राजनीति में सनसनी फैला दी है। ईरानी प्रदर्शनकारियों को समर्थन, ‘मदद आ रही है’ का संदेश, बैठकें रद्द और टैरिफ की धमकी से ईरान पर अमेरिकी हमले की अटकलें तेज़।
संवाददाता, क़लम टाइम्स न्यूज़ नेटवर्क
कोलकाता | 13 जनवरी 2026
ट्रंप पोस्ट में ईरानी प्रदर्शनकारियों को खुला समर्थन, बैठकों की रद्दी और टैरिफ की धमकी से बढ़ा तनाव
ट्रंप पोस्ट ने एक बार फिर अंतरराष्ट्रीय राजनीति में हलचल मचा दी है। अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप द्वारा सोशल मीडिया पर किए गए एक संदेश के बाद यह सवाल उठने लगा है कि क्या अमेरिका अब ईरान के खिलाफ सैन्य कार्रवाई की ओर बढ़ रहा है। अपने पोस्ट में ट्रंप ने ईरान में जारी विरोध प्रदर्शनों का समर्थन करते हुए प्रदर्शनकारियों से आंदोलन जारी रखने की अपील की और रहस्यमयी अंदाज़ में कहा—“मदद आ रही है।”

इस ट्रंप पोस्ट के सामने आने के बाद वैश्विक कूटनीतिक हलकों में अटकलों का दौर तेज हो गया है। ट्रंप ने साफ किया कि उन्होंने ईरानी अधिकारियों के साथ होने वाली सभी बैठकों को रद्द कर दिया है। उन्होंने आरोप लगाया कि ईरान में प्रदर्शनकारियों की “बेमतलब हत्या” की जा रही है और जब तक यह बंद नहीं होती, किसी भी स्तर की बातचीत संभव नहीं है। ट्रंप ने अपने संदेश में ईरानी प्रदर्शनकारियों से सरकारी संस्थानों पर कब्ज़ा करने और हिंसा के लिए ज़िम्मेदार लोगों को याद रखने की बात भी कही।
ट्रंप ने अपने पोस्ट के अंत में “MIGA” शब्द का इस्तेमाल किया, जिसे “मेक ईरान ग्रेट अगेन” के रूप में देखा जा रहा है। हालांकि, “मदद आ रही है” का वास्तविक अर्थ क्या है, इस पर ट्रंप प्रशासन की ओर से कोई आधिकारिक स्पष्टीकरण नहीं दिया गया है। यही अस्पष्टता इस बयान को और ज्यादा संवेदनशील बना रही है।
इससे पहले भी ट्रंप ईरान को लेकर सख्त रुख दिखा चुके हैं। उन्होंने कहा था कि अमेरिका ईरान के खिलाफ “बेहद मजबूत विकल्पों” पर विचार कर रहा है। व्हाइट हाउस की प्रेस सचिव कैरोलिन लेविट के अनुसार, हवाई हमले भी उन विकल्पों में शामिल हैं, जिन पर चर्चा चल रही है। ट्रंप पहले ही चेतावनी दे चुके हैं कि अगर ईरान ने प्रदर्शनकारियों पर कार्रवाई बंद नहीं की, तो उसे गंभीर नतीजे भुगतने होंगे।
सिर्फ यहीं तक नहीं, ट्रंप ने ईरान के साथ व्यापार करने वाले देशों को भी चेतावनी दी है। उन्होंने ऐलान किया कि जो देश ईरान के साथ व्यापार जारी रखेंगे, उन पर अमेरिका 25 प्रतिशत तक टैरिफ लगाएगा। आमतौर पर ईरान अमेरिकी बयानों को नज़रअंदाज़ करता रहा है, लेकिन मौजूदा हालात को देखते हुए यह टकराव पहले से कहीं ज्यादा गंभीर माना जा रहा है।






